
फरेब से निकाह, अप्राकृतिक कृत्य और जबरन गर्भपात की शिकार हिंदू पत्नी ने पेश किया सनसनीखेज वीडियो; अब रायगढ़ एसपी और रायपुर आईजी के एक्शन पर टिकी निगाहें, क्या दर्ज होगा देशद्रोह का मुकदमा?
रायगढ़@दैनिक खबर सार :- प्यार के फरेबी लिबास में रची गई ‘लव जिहाद’ की साजिश, धर्मांतरण का क्रूर कुचक्र और देश की जड़ों में नफरत का जहर घोलने का एक ऐसा दहला देने वाला हाई-प्रोफाइल मामला रायगढ़ जिले से सामने आया है, जिसने समूचे सिस्टम को झकझोर कर रख दिया है। एक हिंदू विवाहिता ने अपने पति वसीम खान पर पहचान छिपाकर निकाह करने, रूह कंपा देने वाली जिस्मानी यातनाएं देने और सबसे खौफनाक— अपने ही पांच वर्षीय मासूम बेटे का ब्रेनवॉश कर उससे ‘पाकिस्तान जिंदाबाद’ के देशद्रोही नारे लगवाने का संगीन आरोप लगाया है। यह खौफनाक प्रकरण तब एक बेहद सनसनीखेज और पुलिस महकमे के लिए सीधी चुनौती बन गया, जब इस पूरी करतूत का एक वीडियो सुबूत के तौर पर सामने आया। इस वीडियो में गांजा तस्करी के जुर्म में जेल की हवा खा चुका आरोपी न केवल देशविरोधी नारे लगवा रहा है, बल्कि खाकी वर्दी को भद्दी-भद्दी गालियां देते हुए समूची कानून व्यवस्था को खुलेआम ललकार रहा है। गुरुवार को मौत के साए में जी रही खौफजदा पीड़िता अपने दो मासूम बच्चों के साथ महिला थाने पहुंची, जिसके बाद से इस पूरे हाई-प्रोफाइल मामले में पुलिस और प्रशासनिक महकमे में भारी हड़कंप मच गया है।
इस पूरे दुस्साहस के पीछे एक लंबी और दर्दनाक कहानी छिपी है, जिसका पर्दाफाश पीड़िता ने अपने बयानों में किया है। साल 2021 में वसीम ने अपनी पहली शादी और पांच बच्चों की हकीकत को शातिराना तरीके से छिपाकर इस हिंदू युवती से फरेब से निकाह किया था। मायके और समाज से कटने के बाद महिला पर इस्लामी कट्टरपंथ की बेड़ियां डाल दी गईं। उसे जबरन कलमा पढ़ने, नमाज अदा करने और रोजा रखने के लिए विवश किया गया। दरिंदगी की इंतहा यह थी कि वसीम उसकी मर्जी के खिलाफ उसके साथ अप्राकृतिक यौन शोषण करता था और दो बच्चों की मां होने के बावजूद एक और संतान पैदा करने का अमानवीय दबाव डालता था। इस नर्क जैसी जिंदगी में एक और मासूम को लाने के खौफ से महिला को अपनी जान जोखिम में डालकर छिपकर अपना गर्भपात (सफाई) तक कराना पड़ा। जब भी वह इस मजहबी और जिस्मानी जुल्म का विरोध करती, तो आधी रात को उसे बेरहमी से पीटकर घर से बाहर फेंक दिया जाता।
पारिवारिक हिंसा और धर्मांतरण की हदों को पार करते हुए इस घिनौनी साजिश ने तब एक बेहद खतरनाक और देशद्रोही मोड़ ले लिया, जिसका पुख्ता सुबूत वह वीडियो है जो अब जांच का मुख्य आधार बन चुका है। सामने आए इस वीडियो में साफ तौर पर देखा और सुना जा सकता है कि कट्टरपंथी मानसिकता में अंधा हो चुका वसीम खान अपने पांच साल के नासमझ बेटे से ‘पाकिस्तान जिंदाबाद है और रहेगा’ के नारे बुलवा रहा है। एक सच्ची हिंदुस्तानी होने के नाते जब पत्नी का खून खौल उठा और उसने वसीम को चेतावनी दी कि अगर वह बच्चे के जेहन में यह देशविरोधी जहर घोलेगा, तो पुलिस उसे और उसके पिता को सीधे अंदर (जेल में) कर देगी। पत्नी की इस जायज हिदायत पर वसीम का जो घमंड और दुस्साहस कैमरे पर सामने आया, वह सीधे तौर पर कानून के मुंह पर एक करारा तमाचा है। वीडियो में वसीम खान पुलिस को भद्दी गालियां देते हुए नजर आ रहा है। वह बेखौफ होकर सिस्टम को चुनौती देते हुए कहता है कि ‘पुलिस हमारा कुछ नहीं कर सकती, हमसे ताकतवर कोई नहीं है और हमारा कोई कुछ नहीं उखाड़ सकता’।
आरोपी के ये जहरीले शब्द केवल एक अपराधी की बड़बोली बातें नहीं हैं, बल्कि यह सीधे तौर पर पुलिस महकमे की साख पर कीचड़ उछालने और खाकी के इकबाल को सरेआम ललकारने का दुस्साहसिक कृत्य है। जिस बेखौफ अंदाज में मादक पदार्थों के सिंडिकेट से जुड़े वसीम खान ने वीडियो में पुलिस को गालियां बकी हैं, उससे यह स्पष्ट प्रतीत होता है कि उसे देश के कानून का रत्ती भर भी खौफ नहीं है। ऐसे में यह मामला केवल घरेलू हिंसा या धर्मांतरण का नहीं रह गया है, बल्कि यह देश के सम्मान और पुलिस के वजूद की लड़ाई बन चुका है। पीड़िता ने प्रशासन को खुली चेतावनी देते हुए आगाह किया है कि आरोपी के तार खतरनाक गांजा तस्करों और राष्ट्रविरोधी तत्वों के नेटवर्क से गहराई से जुड़े हुए हैं। महिला ने स्पष्ट कहा है कि उसे और उसके बच्चों को पुलिस सुरक्षा की सख्त जरूरत है और अगर उन्हें एक खरोंच भी आती है, तो इसका सीधा जिम्मेदार उसका पति और उसके गुर्गे होंगे।
अब इस हाई-प्रोफाइल और बेहद संवेदनशील मामले में पूरी गेंद पुलिस और प्रशासन के पाले में आ चुकी है। महिला थाने में पीड़िता का विस्तृत कथन दर्ज कर लिया गया है और मामले में एफआईआर दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। लेकिन इस पूरे घटनाक्रम का सबसे बड़ा सवाल यह है कि जिस अपराधी ने सरेआम वीडियो में पुलिस को गालियां दीं और ‘कोई कुछ नहीं उखाड़ सकता’ कहकर सिस्टम की धज्जियां उड़ाईं, उस पर पुलिस का एक्शन कितना तगड़ा होगा? अब पूरे प्रदेश की निगाहें रायगढ़ एसपी और रायपुर आईजी के अगले कदम पर टिकी हैं। क्या कानून को खुलेआम चुनौती देने वाले, पुलिस महकमे पर कीचड़ उछालने वाले और एक मासूम बच्चे के जेहन में देशविरोधी जहर घोलने वाले इस अपराधी के खिलाफ ‘देशद्रोह’ का संगीन मुकदमा दर्ज होगा? खाकी पर किए गए इस सीधे प्रहार का जवाब पुलिस किस तरह से देती है, यह देखना अभी बाकी है।






