
➡️राष्ट्रीय स्तर पर साझा किए गए नवाचारों व उपलब्धियों के साक्षी बने छत्तीसगढ़ के प्राधिकृत अधिकारी
दिल्ली:- देश की राजधानी नई दिल्ली के प्रतिष्ठित भारत मण्डपम में आयोजित “सहकार से समृद्धि के स्वर्णिम 5 वर्ष: उपलब्धता, नवाचारों और विकसित भारत की ओर बढ़ते कदम” राष्ट्रीय कार्यक्रम में देश भर के सहकारिता दिग्गजों और प्राधिकृत अधिकारियों का समागम हुआ। इस गरिमामय कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ राज्य का प्रतिनिधित्व करते हुए विभिन्न सेवा सहकारी समितियों के प्राधिकृत अधिकारियों ने हिस्सा लिया और राष्ट्रीय स्तर पर साझा किए गए नवाचारों व उपलब्धियों के साक्षी बने।
कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ से विशेष रूप से पहुंचे सहकारिता बंधुओं ने अपनी सक्रिय सहभागिता निभाई,जिनमें मुख्य रूप से श्री जयरतन पटेल (प्राधिकृत अधिकारी सेवा सहकारी समिति साल्हेओना)श्री राजकिशोर पटेल (प्राधिकृत अधिकारी सेवा सहकारी समिति देवगांव) श्री घनश्याम पटेल (प्राधिकृत अधिकारी सेवा सहकारी समिति पुसौर)श्री ऋषिकेश पटेल (प्राधिकृत अधिकारी सेवा सहकारी समिति नौरंगपुर)श्री भुनेश्वर चंद्रा (प्राधिकृत अधिकारी सेवा सहकारी समिति उलखर)इनके साथ ही देश के कोने-कोने से पधारे हजारों प्राधिकृत अधिकारियों और सहकारिता से जुड़े साथियों ने इस महाधिवेशन में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।
कार्यक्रम के दौरान सहकारिता के क्षेत्र में पिछले 5 वर्षों में हुए ऐतिहासिक सुधारों, डिजिटल नवाचारों और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने वाले कदमों पर विस्तृत चर्चा की गई। ‘सहकार से समृद्धि’ के विजन को धरातल पर उतारने और ‘विकसित भारत’ के संकल्प को पूरा करने में प्राथमिक कृषि ऋण समितियों और स्थानीय सहकारी समितियों की भूमिका को रेखांकित किया गया।
भारत मण्डपम के इस भव्य मंच पर पूरे देश के सहकारिता साथियों के साथ सम्मिलित होना एक सौभाग्य की बात है। यहाँ सीखे गए तकनीकी नवाचारों और सहकारी नीतियों को हम जमीनी स्तर पर लागू कर अपने क्षेत्र के किसानों और ग्रामीणों को और अधिक समृद्ध बनाएंगे।
यह कार्यक्रम न केवल उपलब्धियों के जश्न का माध्यम बना,बल्कि आने वाले समय में सहकारिता आंदोलन को नई ऊंचाइयों पर ले जाने का एक मजबूत रोडमैप भी साबित हुआ।






