
सारंगढ़-बिलाईगढ़// महानदी पर बनी प्रदेश की सबसे बड़ी सूरजगढ़ पुलिया अब हादसे को दावत दे रही है। पुलिया की हालत इतनी बदतर हो चुकी है कि जगह-जगह गड्ढे पड़ गए हैं, लोहे की सरिया बाहर निकल आई हैं और कई हिस्सों की सीमेंट परत पूरी तरह टूट चुकी है। हालत देखकर लगता है मानो विभाग किसी बड़ी दुर्घटना का इंतजार कर रहा हो।

कुछ दिन पहले इसी पुलिया पर सुरसी गांव का एक युवक मोटरसाइकिल से गुजरते हुए गड्ढे में फिसल गया था। गंभीर चोट लगने से वह अस्पताल में जिंदगी और मौत से जूझ रहा है। इस घटना के बाद भी विभाग के कान पर जूं तक नहीं रेंगी।

बता दें कि यह पुलिया रायगढ़ और सारंगढ़ जिलों को उड़ीसा से जोड़ने वाली मुख्य सड़क पर है। प्रशासनिक रूप से सरिया तहसील भले सारंगढ़ जिले में आती हो, लेकिन यह रायगढ़ विधानसभा क्षेत्र में आता है। इस मार्ग से हर दिन सैकड़ों वाहन, भारी ट्रक और डंपर गुजरते हैं। पुलिया की जर्जर हालत में इन वाहनों का वजन किसी भी वक्त जानलेवा साबित हो सकता है।

स्थानीय लोगों ने बताया कि बारिश के दिनों में पुलिया पर जमा पानी गड्ढों को ढक देता है, जिससे दोपहिया वाहन फिसलकर गिर पड़ते हैं। अब तक कई लोग घायल हो चुके हैं, लेकिन विभाग हर बार चुप्पी साध लेता है।

सबसे बड़ी विडंबना यह है कि इसी मार्ग से कई नेता, मंत्री, विधायक और वरिष्ठ अधिकारी गुजरते हैं, हाल ही में डिप्टी सीएम अरुण साव भी इसी पुलिया से होकर सरिया पहुंचे थे। बावजूद इसके पुलिया की मरम्मत की दिशा में कोई कार्रवाई नहीं की गई। लोगों का कहना है, “नेता लोग आते हैं, काफिला गुजरता है, पुलिया हिलती है… पर हालात नहीं बदलते।”

उधर, पीडब्ल्यूडी विभाग ने पुलिया के ऊपर बेरियर लगाकर टोल वसूली की जाती है, लेकिन मरम्मत की ओर ध्यान नहीं दिया जा रहा। ग्रामीणों ने सवाल उठाया है कि जब पुलिया से कमाई हो रही है तो उसकी देखरेख क्यों नहीं की जा रही?

स्थानीय लोगों ने प्रशासन को चेतावनी दी है कि अगर जल्द ही मरम्मत कार्य शुरू नहीं किया गया तो वे आंदोलन करने पर मजबूर होंगे। ग्रामीणों का कहना है कि विभाग की लापरवाही अब जानलेवा रूप ले चुकी है अब अगर कार्रवाई नहीं हुई, तो हादसा निश्चित है।







