
सरिया/सुधीर चौहान:- प्रदेश के यशस्वी वित्त एवं आवास मंत्री आदरणीय ओपी चौधरी जी राधा अष्टमी के अवसर पर राधा माधव आश्रम विश्वासपुर पहुंच कर रास रासेश्वरी राधा रानी जी का पूजा-अर्चना कर क्षेत्र के समृद्धी की कामना किए। सर्वप्रथम चौधरी जी राधारानी जी के मंदिर का परिक्रमा करते हुए उन्हें आसन पर विराजमान किया तथा मंत्रोच्चार से वेदपाठी ब्राह्मणों द्वारा पूजन अर्चन करवाया गया। तत्पश्चात ओपी चौधरी जी अपने मां के नाम रुद्राक्ष का पेड़ भाजपा नेताओं एवं आश्रम समिति के पदाधिकारियों की उपस्थिति में लगाया।

तत्पश्चात माननीय मंत्री जी सभागार में आयोजित भक्त गणों के बीच सभा को संबोधित करते हुए कहा कि यह विश्वासपुर का आश्रम सांस्कृतिक एवं धार्मिक का केंद्र बिन्दु बनेगा। हम सब मिलकर इस आश्रम को भव्यता प्रदान करेंगे । इसके लिए मेरे विधायक फण्ड से आश्रम के गुरु नरसिंह दास जी एवं राधामोहन पाणिग्राही जी चूड़ामणि भैया जी एवं समिति के सदस्यों के मांग पर सामुदायिक भवन के लिए 25 लाख की घोषणा करता हूं ।

आश्रम के सामने महानदी पर पचरी निर्माण के लिए 1.5 करोड़ की घोषणा किए इसी तरह आक्सीजोन के लिए गार्डन निर्माण के लिए 1 करोड़,आउटडोर तरफ सीसी टाईल्स के लिए 10 लाख सहित विभिन्न कार्यों के लिए लगभग 3 करोड़ देने की घोषणा किए।

विशिष्ट अतिथि रत्थु गुप्ता जी ने भी आश्रम में शीतल जल हेतु फ्रीजर देने की घोषणा किए।कार्यक्रम का कुशल संचालन वृन्दावन मालाकार जी ने किया तो वहीं आभार करते हुए राधामोहन पाणिग्राही जी ने कहा कि आपके जैसे विधायक पाकर हमारा यह क्षेत्र प्रफुल्लित हो गया है, अपने आप को सौभाग्यशाली मान रहा है,आपके 7 माह के छोटे से कार्यकाल में ही 250 करोड़ से ऊपर की प्रशासकीय स्वीकृति मिलना आपकी सक्रियता को दिखाता है ।

इस दौरान आश्रम के संरक्षक एवं गुरु नरसिंह दास जी पूर्व विधायक डॉ जवाहर नायक, जिला पंचायत सदस्य द्वय कैलाश नायक,अजय नायक मण्डल अध्यक्ष परदेशी प्रधान महामंत्री चूड़ामणि पटेल, पंचायत प्रकोष्ठ के जिला संयोजक मुरारी नायक,नगर पंचायत अध्यक्ष स्वप्निल स्वर्णकार, उपाध्यक्ष अरुण शराप, शुकदेव दुआन, राधाकांत देहरी,शशि डनसेना, महिला नेत्री आकांक्षा बेहरा, जान्हवी साहू, जयकुमारी डनसेना, द्रौपदी नायक, लिंगेश्वर भोए, समिति अध्यक्ष रघुनाथ पटेल,देवम पटेल, जयप्रकाश पटेल, प्रेमकिशोर पटेल, नंदलाल पटेल,दशरथ साहू सहित हजारों की संख्या में भक्त गणों की उपस्थिति रही।







