
सारंगढ़:- नशा एक हंसते खेलते हुए पूरे परिवार को बर्बाद कर देती है। शराब जैसा नशा किसी घर का अगर एक भी व्यक्ति करता हो तो इसका असर पूरे परिवार पर पड़ता है। यही कारण है कि इसके कारण सबसे ज्यादा प्रताड़ित महिलाएं एवम बच्चे होती हैं। सारंगढ़ बिलाईगढ़ के अंतिम छोर में बसे गांव करगीपाली में अब महिलाएं नशे के खिलाफ एक जुट हो गई हैं और गांव में शराब बंदी कराने मोर्चा खोल दिया है।

महिलाओं ने हमारी मीडिया कर्मी को बताए की शिकायत कनकबीरा चौकी प्रभारी को भी दिया गया है दरअसल इस गांव में जगह-जगह पर अवैध रूप से महुआशराब बेची जा रही है जिससे गांव की महिलाएं परेशान हो चुकी हैं।और नाबालिक बच्चे भी नशा की गर्त पर डूबते जा रहे है। शराब बंद कराने के लिए प्रतिदिन महिलाएं करते है गस्त ।

करगीपाली के महिलाओं का कहना है कि गांव में शराब बिक्री बंद कराने के लिए प्रतिदिन शाम पांच बजे से लेकर 6 बजे तक 20 महिलाओं की टोली बना कर गस्त किया जाता है गांव में शराब बिकने के कारण गांव का वातावरण भी खराब हो रहा है। महिलाओं की कहना है की शासन प्रशासन अवैध शराब बेंचने वालों पर कड़ी कार्रवाई करे।

जिससे शराब बेंचने वालो को सबक मिल सके। और महिलाओं को शराबियो से मुक्ति मिल सके समाचार प्रकाशित होने के बाद अब देखना होगा की शासन प्रशासन के कानो पर जूं रेगती है की नही यह देखने वाली बात होगी।






