
सरिया:- राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ पिछले एक शताब्दी वर्षों से निस्वार्थ भाव से सदैव राष्ट्र कि आराधना , समाज मे भाव जागरण व वसुधैव कुटुम्बकम का भाव लिये निरंतर अपने पथ पर चलता आ रहा है.l
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ अपने शताब्दी वर्ष में समाज मे पंच परिवर्तन ( सामाजिक समरसता,स्वदेशी,पर्यावरण, नागरिक कर्तव्य, कुटुंब प्रबोधन) को लेकर गांव गांव तक पहुंच रहा हैं l
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ उपखंड सरिया ( खंड बरमकेला )
में पथ – संचलन का आयोजन 28 – 11 – 24 (गुरुवार) को किया गया था l

कार्यक्रम में मंच पर मुख्य अतिथि के रूप मे महिमा अलेख आश्रम के वरिष्ठ कार्यकर्ता., साहित्यकार, कवि , श्रीमान त्रिलोचन पटेल जी. मुख्यवक्ता के रूप मे राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के रायगढ़ विभाग प्रचारक “आदरणीय डॉ. राजकुमार भारद्वाज जी” व माननीय खण्ड संघचालक जगतराम नायक जी व विभाग, जिला, खंड के पदाधिकारियों व कार्यक्रम स्थल में 200 से अधिक स्वयंसेवकों कि उपस्थिति में कार्यक्रम संपन्न हुआ l
उसके पश्चात पथ – संचलन नगर पंचायत सरिया से प्रारंभ होकर मैंन रोड़ से मुख्य बस्तियों से होते हुए वापस नगर पंचायत सरिया में समाप्त हुआ l
संचलन के दौरान विभिन्न स्थानों में नगर वासियों ने पथ संचलन का पुष्प वर्षा , जय घोष व कलश स्थापित कर स्वागत किया गया !

अपने बौध्दिक में मुख्यवक्ता “आदरणीय डॉ. राजकुमार भारद्वाज जी” ने कहा कि वर्ष 1925 के अनुकूल परिस्थितियों में प्रारंभ हुई संघ की यात्रा 100 वर्ष में प्रवेश कर रही है। समाज परिवर्तन हमारी प्रतिज्ञा है। कहा कि पांच स्तंभ जो हमारे समाज और राष्ट्र को शक्ति प्रदान करते है उन्हे पंच परिवर्तन कहा गया है।
जिसमे सामाजिक समरसता, कुटुंब प्रबोधन, पर्यावरण, स्वदेशी और नागरिक कर्तव्य शामिल हैं। इन पांच आयामों के माध्यम से शताब्दी वर्ष में संघ का प्रत्येक स्वयंसेवक समाज परिवर्तन में सहभागी बनेगा। इस दौरान लोकमाता अहिल्या देवी होल्कर, भगवान बिरसा मुंडा, जैसे अनेक जनजातीय नायक को भी याद किया l






